"Alwar Murder Case: नीले ड्रम में मिली लाश, बेटे की गवाही से खुला पूरा सच"
"नीले ड्रम में मिली लाश: बेटे ने बताया मम्मी-पापा की खौफनाक रात का पूरा सच"
अलवर का यह मामला किसी क्राइम थ्रिलर से कम नहीं। 35 वर्षीय हंसराज की लाश घर में रखे नीले ड्रम से बरामद हुई और इस पूरी वारदात का राज किसी पड़ोसी या पुलिस ने नहीं, बल्कि उसके सिर्फ 8 साल के बेटे हर्षल ने खोला। मासूम की जुबानी सुनी पूरी कहानी ने पुलिस और इलाके दोनों को हिला दिया।
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| Alwar Rajasthan murder case mistry (Image: ITG) |
मौत की रात: बेटे ने सबकुछ देखा
हर्षल ने पुलिस को बताया कि घटना वाली रात उसके पापा हंसराज, मम्मी सुनीता और मकान मालिक अंकल जितेंद्र ने साथ में शराब पी थी।
- "मम्मी ने दो पैग लिए थे, लेकिन पापा और अंकल बहुत ज्यादा पी गए।"
- इसके बाद पापा ने मम्मी को पीटना शुरू कर दिया।
- अंकल जितेंद्र ने बीच-बचाव किया।
- मम्मी ने तीनों बच्चों को सुला दिया।
हर्षल ने कहा कि रात में नींद खुली तो पापा बेड पर पड़े थे। सुबह भी वे उसी हालत में दिखाई दिए। तभी अंकल ने कहा – "तेरे पापा मर गए।"
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इसके बाद उसने देखा कि मम्मी और अंकल ने ड्रम का पानी बाहर फेंका, उसमें पापा की लाश डाली, ऊपर से नमक भरा और भारी पत्थर रखकर ढक्कन बंद कर दिया।
ड्रम से भट्टे तक का सफर
सुनीता और जितेंद्र ने वहीं रुकने के बजाय ड्रम को ईंट भट्टे तक ले जाने की कोशिश की। बच्चे ने बताया कि वे तीनों बच्चों को भी साथ ले गए। वहां अंकल के कुछ जानने वाले मौजूद थे। लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया – पुलिस को पहले ही शक हो गया था और टीम मौके पर पहुंच गई। दोनों वहीं गिरफ्तार कर लिए गए।
सुनीता और अंकल का रिश्ता
बच्चे ने पुलिस को बताया कि उसका मकान मालिक अंकल जितेंद्र अक्सर घर आता था।
- वह मम्मी को प्यार करता और बच्चों को टॉफी-खिलौने देता था।
- यहां तक कि उसने ही बच्चों का स्कूल में एडमिशन करवाया था।
लेकिन हर्षल के मुताबिक, जब पापा को इस रिश्ते की भनक लगी तो झगड़े शुरू हो गए।
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"पापा मम्मी को बीड़ी से जलाते थे। एक बार ब्लेड से मुझ पर भी हमला किया था," बच्चे ने पुलिस को बताया।
पड़ोसियों की गवाही
हंसराज करीब डेढ़ महीने पहले ही किराए पर इस कॉलोनी में शिफ्ट हुआ था। वह ईंट भट्टे पर मजदूरी करता था। पड़ोसियों ने बताया कि घर में अकसर झगड़े होते थे। हाल के दिनों में घर के अंदर हलचल और बाहर से आने-जाने वालों की आवाजाही भी बढ़ गई थी।
नीले ड्रम से उठी बदबू और खुल गया राज
गुरुवार को मकान मालिक की पत्नी छत पर गई तो तेज बदबू से परेशान हो गई। पहले उसे लगा कि कोई जानवर मरा होगा। लेकिन जैसे-जैसे गंध बढ़ी, उसने खोजबीन की। नजर नीले ड्रम पर पड़ी, जिस पर भारी पत्थर रखा था। शक गहराया तो पुलिस को बुला लिया गया।
डिप्टी एसपी राजेंद्र सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे। ड्रम खोलते ही सभी दंग रह गए। अंदर नमक से ढका हंसराज का शव पड़ा था। एफएसएल टीम को बुलाकर सबूत इकट्ठे किए गए।
पुलिस की कार्रवाई
पुलिस ने शव की पहचान हंसराज उर्फ सूरज (निवासी शाहजहांपुर, यूपी) के रूप में की। शुरुआती जांच में साफ हुआ कि गला रेतकर हत्या की गई थी।
सुनीता और जितेंद्र को तुरंत हिरासत में ले लिया गया।
घरेलू हिंसा बनी जड़
डिप्टी एसपी राजेंद्र सिंह ने कहा – "यह मामला बेहद संगीन है। नीले ड्रम से शव बरामद करना अपने आप में सनसनीखेज है। बच्चे का बयान इस केस की कुंजी है।"
पुलिस जांच में सामने आया कि हंसराज शराब पीकर पत्नी को पीटता और जलाता था। इसी बीच सुनीता का रिश्ता जितेंद्र से गहराया और दोनों ने मिलकर पति की हत्या की साजिश रच डाली।
इलाके में दहशत और चर्चाएं
वारदात के बाद कॉलोनी और गांव में खौफ का माहौल है। लोग सुनीता की करतूत को मेरठ की चर्चित "मुस्कान केस" से जोड़कर देख रहे हैं। हर कोई यही कह रहा है कि –
"मुस्कान से भी खतरनाक निकली अलवर की सुनीता।"
👉 यह पूरी कहानी बताती है कि कैसे घरेलू कलह, शराब और अवैध रिश्तों ने एक परिवार को तबाह कर दिया। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि पर्दाफाश एक मासूम बेटे की आंखों से देखा सच है।

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